Patna Boat Safety Rules | पटना में नावों की ओवरलोडिंग पर बड़ा एक्शन, बिना पंजीकरण चलने वाली नावें होंगी जब्त
जिलाधिकारी और वरीय पुलिस अधीक्षक ने जारी किए सख्त निर्देश, सुरक्षा नियम तोड़ने वालों पर होगी कठोर कार्रवाई | Patna Boat Safety Rules
पटना। राजधानी पटना में नदियों के रास्ते होने वाले आवागमन को सुरक्षित बनाने के लिए जिला प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। जिलाधिकारी और वरीय पुलिस अधीक्षक ने सभी अनुमंडल पदाधिकारियों तथा पुलिस अधिकारियों को नाव परिचालन के निर्धारित मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है।
समाहरणालय स्थित सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि जन-सुरक्षा से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। क्षमता से अधिक सवारियां बैठाने, बिना पंजीकरण नाव चलाने या नियमों का उल्लंघन करने वाले संचालकों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
घाटों पर बढ़ेगी निगरानी | Patna Boat Safety Rules
पटना जिले के कई प्रमुख घाटों पर प्रतिदिन हजारों लोगों का आवागमन होता है।
इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं—
- दीघा पाटीपुल घाट
- पर्यटन घाट
- जेपी सेतु पूर्वी घाट
- मीनार घाट
- कलेक्ट्रेट घाट
- गांधी घाट
- कंगन घाट
- गायघाट
- कच्ची दरगाह घाट
- नासरीगंज घाट
- हल्दी छपरा घाट
- उमानाथ घाट
- सीढ़ी घाट
निरीक्षण के दौरान कई स्थानों पर क्षमता से अधिक यात्रियों, मवेशियों और वाहनों को नावों पर लादकर परिचालन किए जाने की जानकारी मिली है। प्रशासन ने इसे गंभीर खतरा बताते हुए तत्काल रोक लगाने का निर्देश दिया है।
बिना पंजीकरण नाव चलाने पर होगी जब्ती | Patna Boat Safety Rules
जिलाधिकारी ने बताया कि नावों के पंजीकरण के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।
अंचलवार शिविर लगाए जाएंगे। अभियान समाप्त होने के बाद यदि कोई नाव बिना पंजीकरण परिचालित होती पाई गई तो उसे जब्त कर लिया जाएगा।
“जन-सुरक्षा से खिलवाड़ किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।”
नावों में सुरक्षा उपकरण रखना अनिवार्य | Patna Boat Safety Rules
प्रशासन ने सभी नाव मालिकों के लिए सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराना अनिवार्य किया है।
प्रत्येक नाव में होना चाहिए—
- जीवन रक्षक जैकेट
- जीवन रक्षक घेरा
- प्राथमिक उपचार किट
- रस्सी एवं अन्य बचाव सामग्री
साथ ही नाव पर निम्न जानकारी स्पष्ट रूप से अंकित करनी होगी—
| आवश्यक विवरण | जानकारी |
|---|---|
| नाविक का नाम | अनिवार्य |
| पता और मोबाइल नंबर | अनिवार्य |
| नाव का पंजीकरण संख्या | अनिवार्य |
| नाव की वहन क्षमता | अनिवार्य |
| प्रशिक्षित गोताखोर का विवरण | अनिवार्य |
सूर्यास्त के बाद नाव परिचालन पर पूर्ण रोक | Patna Boat Safety Rules
जिला प्रशासन ने कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं।
प्रमुख निर्देश
- सूर्यास्त के बाद और सूर्योदय से पहले नाव परिचालन नहीं होगा।
- बिना पंजीकरण कोई नाव नहीं चलेगी।
- क्षमता से अधिक सवारी बैठाना प्रतिबंधित रहेगा।
- केवल चिन्हित घाटों से ही नावों का संचालन होगा।
- खतरनाक घाटों से परिचालन पूरी तरह बंद रहेगा।
- आंधी, तूफान और तेज हवा के दौरान नाव संचालन प्रतिबंधित रहेगा।
मुख्य घाटों पर बनेगा नियंत्रण कक्ष | Patna Boat Safety Rules
जन-सुरक्षा को मजबूत करने के लिए प्रमुख घाटों पर आपदा प्रबंधन नियंत्रण कक्ष स्थापित किए जा रहे हैं।
इन केंद्रों पर तैनात रहेंगे—
- दंडाधिकारी
- पुलिस पदाधिकारी
- प्रशिक्षित गोताखोर
- आपदा प्रबंधन कर्मी
इसके अलावा सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली के माध्यम से लगातार सुरक्षा संबंधी जानकारी प्रसारित की जाएगी।
नाविकों के साथ होगी विशेष बैठक | Patna Boat Safety Rules
बड़े घाटों पर अनुमंडल पदाधिकारी और पुलिस अधिकारी नाव संचालकों के साथ बैठक करेंगे। वहीं छोटे घाटों पर अंचल अधिकारी और थानाध्यक्ष नियमों की जानकारी देंगे तथा अनुपालन सुनिश्चित कराएंगे।
प्रशासन ने जनता से की अपील | Patna Boat Safety Rules
जिला प्रशासन ने लोगों से भी सुरक्षा मानकों का पालन करने की अपील की है। अधिकारियों ने कहा है कि यात्री केवल उन्हीं नावों का उपयोग करें जिनमें सुरक्षा उपकरण उपलब्ध हों और जिनका संचालन निर्धारित नियमों के अनुसार किया जा रहा हो।
नियमों का पालन ही सुरक्षित यात्रा की सबसे बड़ी गारंटी है।





0 Comments